असन्निकट कीमत की संगणना
असन्निकट कीमत की संगणना
92ग. (1) किसी अंतरराष्ट्रीय संव्यवहार के संबंध में असन्निकट कीमत का अवधारण निम्नलिखित पद्धतियों में से किसी एक के द्वारा किया जाएगा, जो संव्यवहार की प्रकृति या संव्यवहार के वर्ग या सहयुक्त व्यक्तियों के वर्ग या ऐसे व्यक्तियों द्वारा किए जाने वाले कृत्यों को अथवा ऐसी अन्य सुसंगत बातों को, जो बोर्ड इस निमित्त विनिर्दिष्ट25क करे, ध्यान में रखते हुए सर्वाधिक समुचित पद्धति है, अर्थात्:–
(क) तुलनीय अनियंत्रित कीमत पद्धति;
(ख) पुनर्विक्रय कीमत पद्धति;
(ग) लागत जमा पद्धति;
(घ) लाभ विभाजन पद्धति;
(ड़) संव्यवहारात्मक शुद्ध अंतर पद्धति;
(च) ऐसी अन्य पद्धति, जो बोर्ड द्वारा विहित25क की जाए।
(2) उपधारा (1) में निर्दिष्ट सर्वाधिक उपयुक्त पद्धति, ऐसी रीति से, जो विहित25ख की जाए, असन्निकट कीमत अवधारित करने के लिए लागू की जाएगी :
26[परन्तु जहां एक से अधिक कीमत का सर्वाधिक उपयुक्त रीति से अवधारण किया जा सकता हो वहां असन्निकट कीमत को या निर्धारिती के विकल्प पर ऐसी कीमत को जो ऐसी अंकगणितीय औसत के पांच प्रतिशत से अनधिक रकम द्वारा अंकगणितीय औसत से भिन्न हो, ऐसी कीमत का अंकगणितीय औसत माना जाएगा।]
(3) जहां आय के निर्धारण की किसी कार्यवाही के अनुक्रम के दौरान निर्धारण अधिकारी की, उसके कब्जे में की तथ्य सामग्री या जानकारी या दस्तावेजों के आधार पर यह राय है कि–
(क) अंतरराष्ट्रीय संव्यवहार में प्रभारित या अदा की गर्इ कीमत उपधारा (1) और उपधारा (2) के अनुसार अवधारित नहीं की गर्इ है; या
(ख) किसी अंतरराष्ट्रीय संव्यवहार से संबंधित कोर्इ जानकारी और दस्तावेज, निर्धारिती द्वारा धारा 92घ की उपधारा (1) के उपबंधों के अनुसार और इस निमित्त बनाए गए नियमों के अनुसार रखी और बनाए रखी नहीं गर्इ है; या
(ग) असन्निकट कीमत की संगणना करने में प्रयुक्त जानकारी या आंकड़े विश्वसनीय या सही नहीं हैं; या
(घ) निर्धारिती विनिर्दिष्ट समय के भीतर ऐसी कोर्इ जानकारी या दस्तावेज देने में असफल रहा है, जिसे धारा 92घ की उपधारा (3) के अधीन जारी की गर्इ किसी सूचना द्वारा देने की उससे अपेक्षा की गर्इ थी,
वहां निर्धारण अधिकारी, उक्त अंतरराष्ट्रीय संव्यवहार के संबंध में असन्निकट कीमत के अवधारण की कार्यवाही, उपधारा (1) और उपधारा (2) के अनुसार अपने पास उपलब्ध ऐसी सामग्री या जानकारी या दस्तावेज के आधार पर करेगा :
परन्तु निर्धारण अधिकारी द्वारा निर्धारिती को ऐसी तारीख को और समय पर कारण बताने की अपेक्षा करने वाली सूचना तामील करके यह अवसर प्रदान किया जाएगा कि असन्निकट कीमत का अवधारण निर्धारण अधिकारी के कब्जे में की तथ्य सामग्री या जानकारी या दस्तावेज के आधार पर क्यों न तय किया जाए।
(4) जहां असन्निकट कीमत का अवधारण निर्धारण अधिकारी द्वारा उपधारा (3) के अधीन किया जाता है वहां निर्धारण अधिकारी इस प्रकार अवधारित असन्निकट कीमत को ध्यान में रखते हुए निर्धारिती की कुल आय की संगणना कर सकेगा :
परन्तु धारा 10क या धारा 10ख या अध्याय 6क के अधीन कोर्इ कटौती ऐसी आय की रकम की बाबत उस सीमा तक अनुज्ञात नहीं की जाएगी जिस तक निर्धारिती की कुल आय इस उपधारा के अधीन आय की संगणना के पश्चात् बढ़ जाती है :
परन्तु यह और कि जहां किसी सहयुक्त उद्यम की कुल आय इस उपधारा के अधीन किसी दूसरे सहयुक्त उद्यम को संदत्त किसी असन्निकट कीमत के अवधारण पर संगणित की जाती है जिससे अध्याय 17ख के उपबंधों के अधीन कर की कटौती कर ली गर्इ है 27[या जो कटौतीयोग्य थी] वहां दूसरे सहयुक्त उद्यम की आय प्रथम वर्णित उद्यम की दशा में असन्निकट कीमत के ऐसे अवधारण के कारण पुन: संगणित नहीं की जाएगी।
25क. नियम 10ख देखिए।
25ख. नियम 10ग देखिए।
26. वित्त अधिनियम, 2002 द्वारा 1.4.2002 से प्रतिस्थापित। प्रतिस्थापन से पूर्व परन्तुक इस प्रकार था :
"परन्तु जहां एक से अधिक कीमत का सर्वाधिक उपयुक्त रीति से अवधारण किया जा सकता हो वहां असन्निकट कीमत को ऐसे मूल्य का अंकगणितीय औसत माना जाएगा।"
27. वित्त अधिनियम, 2002 द्वारा 1.4.2002 से अंत:स्थापित।
[वित्त अधिनियम, 2005 तथा विशेष आर्थिक जोन अधिनियम, 2005 द्वारा संशोधित रूप में]

