केन्द्रीय सरकार की पेंशन स्कीम में अभिदाय के संबंध में कटौती
केन्द्रीय सरकार की पेंशन स्कीम में अभिदाय के संबंध में कटौती
80गगघ. (1) जहां किसी निर्धारिती ने, जो 1 जनवरी, 2004 को या उसके पश्चात् केन्द्रीय सरकार द्वारा नियोजित कोर्इ व्यष्टि है या किसी अन्य नियोजक द्वारा नियोजित कोर्इ व्यष्टि है या ऐसे किसी निर्धारिती ने, जो व्यष्टि है, पूर्ववर्ष में ऐसी किसी पेंशन स्कीम के अधीन, जो केन्द्रीय सरकार द्वारा अधिसूचित की गर्इ हो या अधिसूचित की जाए, किसी रकम का संदाय किया है या उसे अपने खाते में जमा किया है, वहां उसे इस धारा के उपबंधों के अनुसार और उनके अधीन रहते हुए, उसकी कुल आय की संगणना करने में इस प्रकार संदत्त या जमा की गर्इ संपूर्ण रकम की कटौती अनुज्ञात की जाएगी,
जो—
(क) किसी कर्मचारी की दशा में, पूर्ववर्ष में उसके वेतन के दस प्रतिशत से अधिक न हो; और
(ख) किसी अन्य दशा में, पूर्ववर्ष में उसकी सकल कुल आय के 83[बीस] प्रतिशत से अधिक न हो।
(1क) [***]
(1ख) जहां उपधारा (1) में निर्दिष्ट किसी निर्धारिती को, (चाहे उपधारा (1) के अधीन कोर्इ कटौती अनुज्ञात की गर्इ हो अथवा नहीं), पूर्ववर्ष में ऐसी किसी पेंशन स्कीम के अधीन, जो केंद्रीय सरकार द्वारा अधिसूचित की गर्इ हो या अधिसूचित की जाए, कोर्इ रकम अपने खाते में संदत्त या निक्षिप्त है, वहां उसे पूरी रकम की कटौती, जो पचास हजार रुपए से अधिक नहीं होगी, उसकी कुल आय की संगणना करने में अनुज्ञात की जाएगी :
परंतु ऐसी रकम के संबंध में इस उपधारा के अधीन कोर्इ कटौती अनुज्ञात नहीं की जाएगी जिस पर कटौती का दावा किया गया है और उसे उपधारा (1) के अधीन अनुज्ञात किया गया हो;
(2) जहां उपधारा (1) में उल्लिखित किसी निर्धारिती की दशा में, केन्द्रीय सरकार या किसी अन्य नियोजक उस उपधारा में उल्लिखित उसके खाते में कोर्इ अभिदाय करती है, वहां निर्धारिती को उसकी कुल आय की संगणना करने में केन्द्रीय सरकार या किसी अन्य नियोजक द्वारा अभिदाय की गर्इ संपूर्ण रकम की, जो 83क[पूर्ववर्ष में उसके वेतन के दस प्रतिशत से अधिक न हो], कटौती अनुज्ञात की जाएगी।
(3) जहां उपधारा (1) या उपधारा (1ख) में उल्लिखित निर्धारिती के खाते में उसके नाम में जमा ऐसी कोर्इ रकम, जिसके संबंध में उन उपधाराओं या उपधारा (2) के अधीन कटौती अनुज्ञात की गर्इ है, उस पर प्रोद्भूत रकम सहित, यदि कोर्इ हो, निर्धारिती या उसके नामनिर्देशिती द्वारा किसी पूर्ववर्ष में,—
(क) उपधारा (1) में या उपधारा (1ख) उल्लिखित पेंशन स्कीम के बंद होने या उसके द्वारा उसमें न रहने का विकल्प अपनाने के कारण; या
(ख) स्कीम के बंद होने या उसके द्वारा उसमें न रहने का विकल्प अपनाने पर क्रय की गर्इ या ली गर्इ वार्षिकी योजना से प्राप्त पेंशन के रूप में,
पूर्णत: या भागत: प्राप्त की जाती है, वहां खंड (क) या खंड (ख) में उल्लिखित संपूर्ण रकम उस पूर्ववर्ष में, जिसमें ऐसी रकम प्राप्त की जाती है, यथास्थिति, निर्धारिती या उसके नामनिर्देशिती की आय समझी जाएगी और तदनुसार उस पूर्ववर्ष की आय के रूप में कर से प्रभारित की जाएगी:
परंतु खंड (क) में निर्दिष्ट परिस्थितियों के अधीन निर्धारिती की मृत्यु पर नामनिर्देशिती द्वारा प्राप्त रकम को नामनिर्देशिती की आय नहीं समझा जाएगा ।
(4) जहां निर्धारिती द्वारा संदत्त या जमा की गर्इ कोर्इ रकम उपधारा (1) या उपधारा (1ख) के अधीन कटौती के रूप में अनुज्ञात की गर्इ है वहां,—
(क) ऐसी रकम के संबंध में कोर्इ रिबेट 1 अप्रैल, 2006 के पूर्व समाप्त होने वाले किसी निर्धारण वर्ष के लिए धारा 88 के अधीन अनुज्ञात नहीं किया जाएगा;
(ख) ऐसी रकम के संबंध में कोर्इ कटौती 1 अप्रैल, 2006 को या उसके पश्चात् प्रारंभ होने वाले किसी निर्धारण वर्ष के लिए धारा 80ग के अधीन अनुज्ञात नहीं की जाएगी।
(5) इस धारा के प्रयोजनों के लिए, निर्धारिती के बारे में यह समझा जाएगा कि उसने पूर्ववर्ष में कोर्इ रकम प्राप्त नहीं की है, यदि ऐसी रकम का उपयोग उसी पूर्ववर्ष में किसी वार्षिकी प्लान को क्रय करने में किया जाता है।
स्पष्टीकरण.—इस धारा के प्रयोजनों के लिए, "वेतन" के अंतर्गत, महंगार्इ भत्ता भी है, यदि नियोजन के निबंधनों के अनुसार ऐसा उपबंध हो, किन्तु इसमें सभी अन्य भत्ते और परिलब्धियां नहीं आती हैं।
83. वित्त अधिनियम, 2017 द्वारा 1.4.2018 से "दस" शब्द के स्थान पर प्रतिस्थापित ।
83क. इटैलिक में दिए गये शब्दों के स्थान पर वित्त (सं.2) अधिनियम, 2019 द्वारा 1.4.2020 से निम्न पक्तियां प्रतिस्थापित की जाएगी:
"पूर्ववर्ष में उसके वेतन के,—
(क) चौदह प्रतिशत से, जहां ऐसा अभिदाय केंद्रीय सरकार द्वारा किया जाता है;
(ख) दस प्रतिशत, जहां ऐसा अभिदाय किसी अन्य नियोक्ता द्वारा किया जाता है,
से अधिक न हो।"
[वित्त (सं.2) अधिनियम, 2019 द्वारा संशोधित रूप में]

