नातेदार व्यक्तियों को फायदा
1[नातेदार व्यक्तियों को फायदा
271ककड़. इस अध्याय के किसी अन्य उपबंध पर प्रतिकूल प्रभाव डाले बिना, यदि इस अधिनियम के अधीन कार्यवाहियों के दौरान यह पाया जाता है कि कोई व्यक्ति, जो धारा 10 के खंड (23ग) के उपखंड (iv) में निर्दिष्ट कोई निधि या संस्था है या उपखंड (v) में निर्दिष्ट कोई न्यास या संस्था है या उपखंड (vi) में निर्दिष्ट कोई विश्वविद्यालय या अन्य शैक्षिक संस्था है या उपखंड में (viक) में निर्दिष्ट कोई अस्पताल या अन्य आयुर्विज्ञान संस्था है या धारा 11 में निर्दिष्ट कोई न्यास या संस्था है, जिसने, यथास्थिति, धारा 10 के खंड (23ग) के इक्कीसवें परंतुक या धारा 13 की उपधारा (1) के खंड (ग) के उपबंधों का अतिक्रमण किया हैं, तो निर्धारण अधिकारी ऐसे व्यक्ति को शास्ति के माध्यम से-
(क) ऐसे व्यक्ति द्वारा धारा 13 की उपधारा (3) में निर्दिष्ट किसी व्यक्ति के फायदे के लिए प्रत्यक्षत: या अप्रत्यक्षत: अनुयोज्य रकम के योग के समतुल्य राशि संदाय करने का निदेश देगा, जहां अतिक्रमण पूर्ववर्ष के दौरान पहली बार ध्यान में आया है ; और
(ख) ऐसे व्यक्ति द्वारा धारा 13 की उपधारा (3) में निर्दिष्ट किसी व्यक्ति के फायदे के लिए प्रत्यक्षत: या अप्रत्यक्षत: अनुयोज्य रकम के योग के दो सौ प्रतिशत के समतुल्य राशि संदाय करने का निदेश देगा, जहां अतिक्रमण पूर्ववर्ष के पश्चातवर्ती किसी पूर्ववर्ष के दौरान पुन: जानकारी में आया है। ]
[वित्त अधिनियम, 2023 द्वारा संशोधित रूप मेंें]

