कंपनी से भिन्न कतिपय व्यक्तियों द्वारा कर के संदाय के लिए विशेष उपबंध
अध्याय 12खक
कंपनी से भिन्न कतिपय व्यक्तियों के संबंध में विशेष उपबंध
कंपनी से भिन्न कतिपय व्यक्तियों द्वारा कर के संदाय के लिए विशेष उपबंध
115ञग. (1) इस अधिनियम में अंतर्विष्ट किसी बात के होते हुए भी, जहां कंपनी से भिन्न किसी व्यक्ति द्वारा किसी पूर्ववर्ष के लिए संदेय नियमित आय-कर, उस पूर्ववर्ष के लिए संदेय अनुकल्पी न्यूनतम कर से कम है, वहां समायोजित कुल आय को उस पूर्ववर्ष के लिए उस व्यक्ति की कुल आय समझा जाएगा और वह ऐसी कुल आय पर साढ़े अठारह प्रतिशत की दर से आय-कर का संदाय करने के लिए दायी होगा।
(2) उपधारा (1) में निर्दिष्ट समायोजित कुल आय, इस अध्याय को प्रभावी रूप देने के पूर्व,–
(i) "ग.–कतिपय आय की बाबत कटौतियां" शीर्ष के अधीन अध्याय 6क में सम्मिलित किसी धारा के अधीन (धारा 80त से भिन्न) दावा की गई कटौतियों से, यदि कोई हों;
(ii) धारा 10कक के अधीन दावा की गई कटौतियों से, यदि कोई हों; और
(iii) धारा 35कघ के अधीन दावा की गई कटौती से, यदि कोई हो, जो धारा 32 के उपबंधों के अनुसार अनुज्ञेय अवक्षयण की रकम को घटा कर आए मानो कि धारा 35कघ के अधीन ऐसी आस्तियों की बाबत, जिन पर उस धारा के अधीन कटौती का दावा किया जाता है, कोई कटौती अनुज्ञात नहीं की गई हो;
बढ़ाकर आय कुल आय होगी।
(3) प्रत्येक ऐसा व्यक्ति, जिसको यह धारा लागू होती है, 39कक[धारा 44कख में निर्दिष्ट विनिर्दिष्ट तारीख से पूर्व धारा 288 की उपधारा (2) के नीचे के स्पष्टीकरण में निर्दिष्ट किसी लेखाकार से, यह प्रमाणित किए जाने संबंधी कि समायोजित कुल आय और अनुकल्पी न्यूनतम कर की संगणना इस अध्याय के उपबंधों के अनुसार की गई है, एक रिपोर्ट ऐसे प्ररुप में, जो विहित किया जाए, अभिप्राप्त करेगा और उस तारीख तक ऐसी रिपोर्ट प्रस्तुत करेगा]
40क[(4) उपधारा (1) में किसी बात के होते हुए भी, जहां उसमें निर्दिष्ट व्यक्ति,-
(i) किसी अंतरराष्ट्रीय वित्तयी सेवा केंद्र में स्थित कोई यूनिट है और अपनी आय एकमात्र रूप से संपरिवर्तनीय विदेशी मुद्रा में प्राप्त करता है, वहां उपधारा (1) के उपबंध ऐसे प्रभावी होंगे मानो "साढे अठारह प्रतिशत" शब्दों के स्थान पर "नौ प्रतिशत" शब्द रख दिए गए थे;]
(ii) एक सहकारी सोसाइटी है, वहां उपधारा (1) के उपबंध ऐसे प्रभावी होंगे मानो "साढ़े अठारह प्रतिशत" शब्दों के स्थान पर "पंद्रह प्रतिशत" शब्द रख दिए गए थे।
40कख[(5) इस धारा के उपबंध ऐसे किसी व्यक्ति को लागू नहीं होंगे, जिसने धारा 115खकग या धारा 115खकघ के अधीन विकल्प का प्रयोग किया है]
वित्त अधिनियम, 2023 द्वारा 1.4.2024 से धारा 115ञग की उपधारा (5) के स्थान पर उपधारा (5) प्रतिस्थापित कि जाएगी
(5) इस धारा के उपबंध ऐसे किसी व्यक्ति को लागू नहीं होंगे, जहां,—
(i) ऐसे व्यक्ति ने धारा 115खकग की उपधारा (5) या धारा 115खकघ की उपधारा (5) या धारा 115खकङ की उपधारा (5) में निर्दिष्ट विकल्प का प्रयोग किया है ; या
(ii) ऐसे व्यक्ति की कुल आय के संबंध में संदेय आय-कर, धारा 115खकग की उपधारा (1क) के अधीन संगणित किया जाता है ।
[वित्त अधिनियम, 2023 द्वारा संशोधित रूप मेंें]

