आयकर विभाग

वित्त मंत्रालय, भारत सरकार

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परिपत्र सं.

परिपत्र सं. 3/2015

परिपत्र की तिथि

12/02/2015

दस्तावेज़ अपलोड की तिथि

12/02/2015

परिपत्र सं. 3/2015​

परिपत्र सं. 3/2015

भारत सरकार

वित्त मंत्रालय

राजस्व विभाग

केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड

नार्थ ब्लॉक, नर्इ दिल्ली

दिनांक 12, फरवरी, 2015

विषय : आयकर अधिनियम, 1961 (अधिनियम) की धारा 40 के वाक्यांश (क) के उप-वाक्यांश (च) के अंतर्गत 'कटौती न होने वाली राशि' से संबंधित वर्गीकरण

अधिनियम की धारा 40(क)(i) में अनुबंध हैं कि "व्यापार अथवा पेशे का लाभ व प्राप्ति" शीर्षक के अंतर्गत वसूलनीय आय की गणना में इस अधिनियम के अंतर्गत तकनीकी सेवा के लिए कोर्इ ब्याज, रायल्टी, शुल्क अथवा अन्य देययोग्य आय एक गैर निवासी (कंपनी के तौर पर नहीं) चाहे भारत में देययोग्य/एक विदेशी कंपनी अथवा भारत से बाहर देययोग्य, कटौती के तौर पर स्वीकृत नहीं होगी यदि अधिनियम के अध्याय XVII-B के अंतर्गत ऐसी राशि के संबंध में कर कटौती का भुगतान में अथवा कटौती में विफलता हुर्इ हो।

2. धारा 40(क)(i) के अंतर्गत 'अन्य वसूलनीय राशि' से संबंधित नामंजूरी सक्रिय की जाएगी जब कटौतीकर्ता अधिनियम की धारा 195 के प्रावधानों के अनुसार कर कटाने में विफल रहता है। 'अन्य वसूलनीय राशि' शब्द की व्याख्या के बार में संदेह उत्पन्न होता है अर्थात् क्या यह शब्द प्रेषित की जाने वाली पूर्ण राशि से संदर्भित है अथवा अधिनियम के प्रासंगिक प्रावधानों के अंतर्गत आयकर हेतु वसूलनीय प्रतिनिधित्व राशि केवल उसके भाग से संदर्भित है।

3. केद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड ने गैर निवासियों को किए गए भुगतान से संबंधित अधिनियम की धारा 201 के साथ पठित धारा 195 की उप-धारा (1) के अंतर्गत स्रोत पर कर कटौती से संबंधित निर्देश सं. 2/2014 दिनांक 26.02.2014 (एफ. सं. 500/33/2013-एफटीडी-I) को पहले ही जारी कर दिया हैं यदि जहां अधिनियम की धारा 195 की उप-धारा (2) के अंतर्गत ऐसी वसूलनीय राशि के निर्धारण हेतु कटौतीकर्ता द्वारा कोर्इ आवेदन दाखिल नहीं किया जाता इस निर्देश के मार्फत बोर्ड ने स्पष्ट किया हैं कि जहां इस अधिनियम की धारा 195 के अंतर्गत स्त्रोत पर कटौती नहीं की जाती वहां निर्धारण अधिकारी धारा 195 की उप-धारा (1) में निर्दिष्टानुसार कर हेतु वसूलनीय राशि का उचित भाग निर्धारित करेंगे कर देयता को सुनिश्चित करने के लिए जिस पर कटौतीकर्ता को अधिनियम की धारा 201 के अंतर्गत डिफाल्ट निर्धारती के तौर पर समझा जाएगा। आगे यह भी स्पष्ट किया जाता हैं कि ऐसी राशि का उचित भाग प्रेषण के प्रकार, इसके आय घटक अथवा ऐसे उचित भाग के निर्धारण हेतु कोर्इ अन्य प्रासंगिक तथ्य को ध्यान में रखकर प्रत्येक स्थिति के तथ्यों तथा परिस्थितियों पर निर्भर करेगा।

4. कटौतीकर्ता की स्थिति में अधिनियम की धारा 40(क)(i) के अंतर्गत राशि की अस्वीकृति स्रोत पर कर कटौती के उद्देश्य के लिए अधिनियम की धारा 195 मे निर्दिष्टानुसार अधिनियम के अंतर्गत वसूलनीय राशि के साथ आपस में जुडी हैं, केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड, अधिनियम की धारा 119 के अंतर्गत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग कर एतद्द्वारा स्पष्ट करते हैं कि अधिनियम की धारा 40(क)(i) के अंतर्गत 'अन्य वसूलनीय राशि' की अस्वीकृति के उद्देश्य के लिए राशि का उचित भाग जो अधिनियम के अंतर्गत कर हेतु वसूलनीय हैं, ऐसी अस्वीकृति के आधार पर होगा तथा इसे सीबीडीटी के निर्देश सं. 2/2014 दिनांक 26/02/2014 के अनुसार अधिनियम की धारा 195 की उप-धारा (1) के उद्देश्य के लिए क्षेत्राधिकार वाले निर्धारण अधिकारी द्वारा निर्धारित किया जाएगा। इसके अतिरिक्त जहां 'अन्य वसूलनीय राशि' का निर्धारण अधिनियम की धारा 195 की उप-धारा (2), (3) अथवा (7) के अंतर्गत किया जाता हैं वहां ऐसा निर्धारण अधिनियम की धारा 40(क)(i) के अंतर्गत अस्वीकृति यदि हो, के आधार पर होगा।

5. यह सभी संबंधितों के ध्यान में लाया जा सकता है।

6. हिन्दी संस्करण का अनुसरण करें

(रोहित गर्ग)

उप सचिव, भारत सरकार

(एफ. सं. 225/201/2014-आर्इटीए-II)

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1. अध्यक्ष तथा सीबीडीटी के सभी सदस्य

2. आधिकारिक वेबसाइट पर अपलोडिंग हेतु प्रतिवेदन सहित प्रधान आयकर महानिदेशक (सिस्टम) कार्यालय

3. समस्त प्रधान मुख्य आयुक्त/प्रधान आयकर महानिदेशक

4. सीबीडीटी के समस्त अधिकारी तथा तकनीकी प्रभाग

5. आयकर (अन्वे.) निदेशक/आर्इटी व ऑडिट/सर्तकता/अन्वे./आरएसपीएंडपीआर/वसूली

6. आयकर निदेशक(ओएंडएमएस), नर्इ दिल्ली

7. सीबीडीटी का आर्इटीसीसी प्रभाग (3 प्रतियां)

8. विभागीय वेबसाइट पर अपलोडिंग हेतु एनआर्इसी, वित्त मंत्रालय

9. आर्इआरएस अधिकारी वेबसाइट पर अपलोडिंग हेतु डेटाबेस सेल

10. गार्ड फाइल

(रोहित गर्ग)

उप सचिव, भारत सरकार