651 : परिपत्र: सं 651, 31-06-1993 दिनांकित
परिपत्र सं.
651
परिपत्र की तिथि
11/06/1993
दस्तावेज़ अपलोड की तिथि
11/06/1993
367. लघु और अनुषंगी औद्योगिक उपक्रमों अधिनियम, 1993 को विलंबित भुगतान पर ब्याज के तहत निश्चित ब्याज भुगतान की अमान्यता
1 "लघु और अनुषंगी औद्योगिक उपक्रमों अधिनियम, 1993 (1993 की संख्या 32) को विलंबित भुगतान पर ब्याज" नामक एक केन्द्रीय अधिनियम के अनिवार्य ब्याज की निश्चित राशि के भुगतान के लिए प्रदान करता है, जो 23-9-1992 से प्रभावी कानून बन गया है लघु औद्योगिक उपक्रमों और इस तरह के सामान और सेवाओं के लिए देरी से भुगतान के संबंध में सहायक औद्योगिक उपक्रमों से वस्तुओं और सेवाओं के खरीदारों के लिए. उपरोक्त अधिनियम का पाठ देखने के लिए [1993] 69 चुंगी लगानेवाला 5 (सेंट).
प्र.20. अधिनियम की मुख्य विशेषताएं इस प्रकार हैं:
; किसी आपूर्तिकर्ता किसी भी माल की आपूर्ति या किसी भी खरीदार के लिए किसी भी सेवाओं renders (मैं) के मामले में, खरीदार पर या तारीख लेखन में करने के लिए सहमत हैं, या पहले, ऐसी कोई समझौता नियत दिन से पहले, वहाँ है जहां की वजह भुगतान करेगा
किसी भी खरीदार तो भुगतान करने में विफल रहता है, जहां (द्वितीय), खरीदार की तारीख 5 प्रति में, पर सहमत हुए तुरंत बाद नियत दिन से या तारीख से उस राशि पर सप्लायर के लिए, मासिक अंतराल पर चक्रवृद्धि ब्याज का भुगतान करने के लिए उत्तरदायी होगा न्यूनतम उधार की सर्वोच्च ऊपर प्रतिशत अनुसूचित बैंकों ने आरोप लगाया टिकी हुई है; और
(Iii) आयकर अधिनियम, 1961 में निहित बावजूद, देय या किसी खरीदार द्वारा भुगतान इस तरह के ब्याज की राशि आयकर अधिनियम के तहत आय की गणना के प्रयोजनों के लिए, कटौती के रूप में अनुमति नहीं दी जाएगी.
शब्द 'सप्लायर' एक सहायक औद्योगिक उपक्रम अथवा खंड उद्योग (विकास और विनियमन) अधिनियम, 1951 की धारा 3 की (एए) और खंड (जे) के तहत क्रमश: परिभाषित एक लघु औद्योगिक उपक्रम मतलब करने के लिए परिभाषित किया गया है.
(3) तदनुसार, आकलन वर्ष के लिए 1993-94 और बाद के वर्षों आकलन अधिकारी खरीदारों के आकलन में अग्राह्य ब्याज दावों का पता लगाने और अस्वीकृत करने के लिए निर्देशित कर रहे हैं.
परिपत्र: सं 651, 1993/11/06 दिनांकित.

