02/2013 : अधिसूचना: 2 जारी करने की तिथि: 14/1/2013
अधिसूचना सं.
02/2013
अधिसूचना तिथि
14/01/2013
दस्तावेज़ अपलोड की तिथि
14/01/2013
आयकर अधिनियम, 1961 की धारा 90 - दोहरे कराधान समझौता - दोहरे कराधान और विदेशी देशों के साथ राजकोषीय चोरी की रोकथाम के बचाव के लिए समझौता - नीदरलैंड - अधिसूचना NO.GSR 382 में संशोधन (ई), 27-3-1989 दिनांक
अधिसूचना सं. 2/2013 [F.NO.501/02/1983-FTD-I], 14-1-2013 दिनांक
दोहरे कराधान से बचने के लिए और आय पर और पूंजी पर करों के संबंध में राजकोषीय अपवंचन की रोकथाम के लिए भारत गणराज्य और नीदरलैंड के राज्य के बीच कन्वेंशन में संशोधन के लिए एक प्रोटोकॉल के 10 वें दिन पर हेग में हस्ताक्षर किए गए थे जबकि मई, 2012;
जबकि, कहा प्रोटोकॉल के बल में प्रवेश की तिथि अनुच्छेद के अनुसार, इस समझौते के लागू होने के लिए सभी कानूनी आवश्यकताओं और प्रक्रियाओं की संतुष्टि की सूचनाओं के बाद की तारीख की जा रही है, नवंबर, 2012 के 2 दिन है कहा प्रोटोकॉल के अनुच्छेद 3 के 2;
जबकि, कहा प्रोटोकॉल के अनुच्छेद 3 के पैरा 2 सम्मेलन का एक अभिन्न हिस्सा होगा जो संशोधन प्रोटोकॉल, के पैरा 1 में निर्दिष्ट सूचनाओं के बाद की तारीख पर बल में प्रवेश करेगा प्रदान करता है कि ने कहा कि अनुच्छेद और उसके प्रावधान तत्काल प्रभाव होगा;
अब, इसलिए, आयकर अधिनियम, 1961 (1961 का 43) की धारा 90 द्वारा प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए, केन्द्रीय सरकार एतद्द्वारा कहा प्रोटोकॉल के सभी प्रावधानों अनुबंध के साथ साथ में बाहर सेट के रूप में, करेगा कि निर्देशन आय के संबंध में और 2 नवम्बर 2012 से उत्पन्न होने वाली पूंजी पर भारत संघ में करने के लिए प्रभाव दिया जाना.
संलग्न सूची
प्रोटोकोल में संशोधन
बीच कन्वेंशन
भारत गणराज्य
बनाम
नीदरलैंड के किंगडम
दोहरे कराधान से बचाव के लिए
और राजकोषीय चोरी की रोकथाम के लिए
आय पर और पूंजी पर करों के संबंध में
30 जुलाई 1988 को नई दिल्ली में हस्ताक्षर किए गए थे जो प्रोटोकॉल के साथ.
भारत गणराज्य की सरकार
और
नीदरलैंड के राज्य सरकार;
आय पर करों के संबंध में दोहरे कराधान से बचने के लिए और राजकोषीय चोरी की रोकथाम के लिए भारत गणराज्य और नीदरलैंड के राज्य के बीच कन्वेंशन में संशोधन करने के लिए (बाद में "संशोधन के प्रोटोकॉल 'के रूप में करने के लिए कहा गया है) एक प्रोटोकॉल समाप्त करने के लिए इच्छा और 21 जनवरी 1989 (बाद में "कन्वेंशन" के रूप में संदर्भित) को सेना में प्रवेश जो 30 जुलाई, 1988 और पर नई दिल्ली में हस्ताक्षर किए गए थे, जो प्रोटोकॉल, के साथ पूंजी पर;
के रूप में निम्नानुसार सहमत हैं:
अनुच्छेद 1
कन्वेंशन के अनुच्छेद 26 (सूचना के आदान प्रदान) निम्न आलेख द्वारा नष्ट कर दिया और प्रतिस्थापित किया जाएगा:
"अनुच्छेद 26
सूचना का आदान - प्रदान
1 इस कन्वेंशन के प्रावधानों से बाहर ले जाने के लिए या लगाया हर तरह के और विवरण के करों के विषय में घरेलू कानूनों के प्रशासन या प्रवर्तन को foreseeably प्रासंगिक है के रूप में राज्य के सक्षम अधिकारियों (दस्तावेजों या दस्तावेजों की प्रमाणित प्रतियां सहित) इस तरह की जानकारी का आदान प्रदान करेगा अमेरिका की ओर से, या उनके राजनीतिक उप विभाजनों या स्थानीय अधिकारियों की, जहां तक कराधान उसके अधीन के रूप में कन्वेंशन के विपरीत नहीं है. जानकारी के आदान प्रदान के लेख 1 और 2 के द्वारा ही सीमित नहीं है.
प्र.20. जानकारी है कि राज्य के घरेलू कानूनों के तहत प्राप्त की और मूल्यांकन या संग्रह के साथ संबंधित व्यक्तियों या (कोर्ट और प्रशासनिक निकायों सहित) के अधिकारियों को ही खुलासा किया जाएगा के रूप में एक राज्य द्वारा अनुच्छेद 1 के तहत प्राप्त किसी भी जानकारी को एक ही तरीके से गुप्त रूप में माना जाएगा की, करों के संबंध में अपील की दृढ़ संकल्प, के संबंध में प्रवर्तन या अभियोजन 1 पैरा, या ऊपर के निरीक्षण में करने के लिए भेजा. ऐसे व्यक्तियों या अधिकारियों केवल इस तरह के उद्देश्यों के लिए जानकारी का उपयोग करेगा. वे लोक अदालत की कार्यवाही में या न्यायिक निर्णयों में जानकारी का खुलासा हो सकता है. इस तरह की जानकारी राज्य अमेरिका और आपूर्ति के राज्य के सक्षम प्राधिकारी इस तरह के प्रयोग अधिकृत दोनों के कानूनों के तहत इस तरह के अन्य उद्देश्यों के लिए इस्तेमाल किया जा सकता है, जब किसी राज्य द्वारा प्राप्त पूर्वगामी, जानकारी अन्य उद्देश्यों के लिए इस्तेमाल किया जा सकता है के बावजूद.
(3) एक राज्य दायित्व पर थोपने के रूप में तो किसी भी मामले में पैराग्राफ 1 और 2 के प्रावधानों लगाया जाएगा:
. एक कानून और उस की या अन्य राज्य की प्रशासनिक व्यवहार से भिन्न प्रशासनिक उपायों के लिए बाहर ले;
. बी कानूनों के तहत या उस के या अन्य राज्य के प्रशासन के सामान्य कोर्स में प्राप्य नहीं है जो जानकारी की आपूर्ति करने के लिए;
सी. किसी भी व्यापार, व्यवसाय, औद्योगिक, वाणिज्यिक या व्यावसायिक रहस्य या व्यापार प्रक्रिया, या सार्वजनिक नीति (ordre जनता) के विपरीत होगा जिसके प्रकटन से जानकारी का खुलासा होगा जो जानकारी की आपूर्ति करने के लिए.
(4) जानकारी इस अनुच्छेद के अनुसार एक राज्य से अनुरोध किया जाता है, तो अन्य राज्य है कि अन्य राज्य की अपनी कर उद्देश्यों के लिए इस तरह की जानकारी की जरूरत नहीं हो सकता है, भले ही मांगी गई जानकारी प्राप्त करने के लिए अपनी जानकारी जुटाने के उपायों का उपयोग करेगा. पिछले वाक्य में निहित दायित्व पैरा 3 की सीमाओं के अधीन है, लेकिन किसी भी मामले में इस तरह की सीमाओं यह इस तरह की जानकारी में कोई घरेलू हित है, क्योंकि केवल जानकारी की आपूर्ति करने से मना करने के लिए एक राज्य की अनुमति के लिए लगाया जाएगा.
प्र.5. किसी भी मामले में अनुच्छेद 3 के प्रावधानों यह से संबंधित है, क्योंकि जानकारी एक बैंक, अन्य वित्तीय संस्थान, नामित व्यक्ति या एक एजेंसी या एक प्रत्ययी क्षमता में कार्य करने वाला व्यक्ति द्वारा आयोजित या है क्योंकि केवल जानकारी की आपूर्ति करने से मना करने के लिए एक राज्य की अनुमति के लिए लगाया जाएगा एक व्यक्ति में स्वामित्व हितों. "
अनुच्छेद 2
इस प्रकार के रूप कन्वेंशन के लिए प्रोटोकॉल का एक नया अनुच्छेद आठवीं जोड़ा जाएगा:
"आठवीं विज्ञापन अनुच्छेद 26
1 अनुच्छेद 26 के प्रावधानों का भी कार्यान्वयन, प्रशासन या इन आय संबंधी नियमों के प्रवर्तन के साथ संबंधित राज्य के कर अधिकारियों द्वारा राज्य के कानूनों के तहत आय से संबंधित नियमों को बाहर ले जाने के लिए प्रासंगिक है कि जानकारी के हिसाब से लागू होंगे.
प्र.20. पैरा में मतलब के रूप में अनुच्छेद 26, एक राज्य द्वारा अनुच्छेद 26 के अनुच्छेद 1 के तहत प्राप्त किसी भी जानकारी के पैरा 2 के दूसरे वाक्य के होते हुए भी, आगे की स्थिति के बिना, यह भी आय से संबंधित नियमों के पेट से बाहर के लिए उस राज्य द्वारा इस्तेमाल किया जा सकता है 1. "
अनुच्छेद 3
1 राज्यों की सरकारों को सभी कानूनी आवश्यकताओं और इस संशोधन के प्रोटोकॉल को प्रभावी करने के लिए प्रक्रियाओं संतुष्ट किया गया है कि राजनयिक चैनलों के माध्यम से एक दूसरे को सूचित करेगा.
प्र.20. कन्वेंशन का एक अभिन्न हिस्सा होगा जो संशोधन प्रोटोकॉल, झट से प्रभावी होंगे अनुच्छेद 1 और इसके प्रावधानों में निर्दिष्ट सूचनाओं के बाद की तारीख पर बल में प्रवेश करेगा.
साक्षी में जिसका उनके संबंधित सरकारों द्वारा अधोहस्ताक्षरी, विधिवत अधिकृत बहां, इस संशोधन के प्रोटोकॉल पर हस्ताक्षर किए हैं.
हिंदी, नीदरलैंड और अंग्रेजी भाषाओं में मई 2012 के इस 10 वें दिन पर हेग में दो प्रतियों में से हो गया, तीन ग्रंथों समान रूप से प्रामाणिक जा रहा है. हिंदी और नीदरलैंड ग्रंथों के बीच विचलन के मामले में अंग्रेजी पाठ ऑपरेटिव एक हो जाएगा.
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