आयकर विभाग

वित्त मंत्रालय, भारत सरकार

मुख्य सामग्री पर जाने के लिए यहां क्लिक करें
सुलभता विकल्प
शब्द आकार
सैचुरेशन
मदद

धारा 92घ

अंतरराष्ट्रीय संव्यवहार या विनिर्दिष्ट देशी संव्यवहार करने वाले व्यक्तियों द्वारा जानकारी और दस्तावेजों का रखा जाना और उन्हें बनाए रखा जाना

धारा

धारा संख्या

92घ

अध्याय शीर्षक

अध्याय X - कर वंचन के संबंध में विशेष प्रावधान

अधिनियम

आय-कर अधिनियम, 1961

वर्ष

2022

अंतरराष्ट्रीय संव्यवहार या विनिर्दिष्ट देशी संव्यवहार करने वाले व्यक्तियों द्वारा जानकारी और दस्तावेजों का रखा जाना और उन्हें बनाए रखा जाना

अंतरराष्ट्रीय संव्यवहार या विनिर्दिष्ट देशी संव्यवहार करने वाले व्यक्तियों द्वारा जानकारी और दस्तावेजों का रखा जाना और उन्हें बनाए रखा जाना

कतिपय व्यक्तियों द्वारा जानकारी और दस्तावेज का रखा जाना और उनका प्रस्तुत किया जाना

10घ[92घ. (1) ऐसा प्रत्येक व्यक्ति,—

(i) जिसने कोर्इ अंतर्राष्ट्रीय संव्यवहार या विनिर्दिष्ट देशी संव्यवहार किया है, उसकी बाबत ऐसी जानकारी और दस्तावेज रखेगा और बनाए रखेगा, जो विहित किए जाएं।

(ii) जो किसी अंतर्राष्ट्रीय समूह का कोर्इ घटक अस्तित्व है, किसी अंतर्राष्ट्रीय समूह के संबंध में ऐसी जानकारी और दस्तावेज रखेगा और बनाए रखेगा, जो विहित किए जाएं।

स्पष्टीकरण—इस खंड के प्रयोजनों के लिए,—

() "घटक अस्तित्व" का वही अर्थ होगा, जो धारा 286 की उपधारा (9) के खंड () में उसका है;

() "अंतर्राष्ट्रीय समूह" का वही अर्थ होगा, जो धारा 286 की उपधारा (9) के खंड () में उसका है।

(2) उपधारा (1) में अंतर्विष्ट उपबंधों पर प्रतिकूल प्रभाव डाले बिना बोर्ड वह अवधि विहित कर सकेगा, जिसके लिए जानकारी और दस्तावेज उस उपधारा के अधीन रखे और बनाए रखे जाएंगे।

(3) निर्धारण अधिकारी या आयुक्त (अपील) इस अधिनियम के अधीन किसी कार्यवाही के अनुक्रम में उपधारा (1) के खंड (i) में निर्दिष्ट किसी व्यक्ति से, यह अपेक्षा कर सकेगा कि वह इस संबंध में जारी की गर्इ सूचना की प्राप्ति की तारीख से तीस दिन की अवधि के भीतर, उसमें निर्दिष्ट कोर्इ जानकारी या दस्तावेज प्रस्तुत करें:

परंतु निर्धारण अधिकारी या आयुक्त (अपील) ऐसे व्यक्ति द्वारा किए गए आवेदन पर तीस दिन की अवधि को तीस दिन से अनधिक की और अवधि के लिए बढ़ा सकेगा।

(4) उपधारा (1) के खंड (ii) में निर्दिष्ट व्यक्ति उसमें निर्दिष्ट जानकारी और दस्तावेज को धारा 286 की उपधारा (1) के अधीन विहित प्राधिकारी को ऐसी रीति में उस तारीख को या उसके पूर्व, जो विहित की जाए, प्रस्तुत करेगा]

 

10घ. वित्त (सं 2) अधिनियम, 2019 द्वारा 1.4.2020 से प्रतिस्थापित। प्रतिस्थापन से पूर्व धारा 92घ निम्न प्रकार थी।

"92घ. अंतरराष्ट्रीय संव्यवहार या विनिर्दिष्ट देशी संव्यवहार करने वाले व्यक्तियों द्वारा जानकारी और दस्तावेजों का रखा जाना और उन्हें बनाए रखा जाना—(1) ऐसा प्रत्येक व्यक्ति, जिसने कोर्इ अंतरराष्ट्रीय संव्यवहार या विनिर्दिष्ट देशी संव्यवहार किया है, उसकी बाबत ऐसी जानकारी और दस्तावेज रखेगा और बनाए रखेगा जो विहित किया जाए:

परंतु ऐसा व्यक्ति, जो किसी अंतर्राष्ट्रीय समूह का कोर्इ घटक अस्तित्व है, किसी अंतर्राष्ट्रीय समूह के संबंध में ऐसी जानकारी और दस्तावेज रखेगा और बनाए रखेगा ।

स्पष्टीकरण.—इस धारा के प्रयोजनों के लिए,—

() "घटक अस्तित्व" का वही अर्थ होगा जो उसका धारा 286 की उपधारा (9) के खंड () में है;

() "अंतर्राष्ट्रीय समूह" का वही अर्थ होगा जो उसका धारा 286 की उपधारा (9) के खंड () में है;

(2) उपधारा (1) में अंतर्विष्ट उपबंधों पर प्रतिकूल प्रभाव डाले बिना, बोर्ड वह अवधि विहित कर सकेगा जिसके लिए उस उपधारा के अधीन जानकारी और दस्तावेज रखे और बनाए रखे जाएंगे।

(3) निर्धारण अधिकारी या आयुक्त (अपील), इस अधिनियम के अधीन किसी कार्यवाही के अनुक्रम में किसी ऐसे व्यक्ति से, जिसने कोर्इ अंतरराष्ट्रीय संव्यवहार या विनिर्दिष्ट देशी संव्यवहार किया है, उसकी बाबत कोर्इ जानकारी या दस्तावेज, जो उपधारा (1) के अधीन विहित किया जाए, इस बाबत जारी की गर्इ सूचना की प्राप्ति की तारीख से तीस दिन की अवधि के भीतर देने की अपेक्षा कर सकेगा :

परन्तु निर्धारण अधिकारी या आयुक्त (अपील), ऐसे व्यक्ति द्वारा किए गए आवेदन पर तीस दिन की अवधि को अधिक से अधिक तीस दिन की और अवधि के लिए बढ़ा सकेगा।

(4) उपधारा (3) के उपबंधों पर प्रतिकूल प्रभाव डाले बिना उपधारा (1) के परंतुक में निर्दिष्ट व्यक्ति, उक्त परंतुक में निर्दिष्ट जानकारी और दस्तावेजों को धारा 286 की उपधारा (1) के अधीन विहित प्राधिकारी को ऐसी रीति में उस तारीख को या उसके पूर्व जैसा कि विहित किया जाए, प्रस्तुत करेगा।]

 

 

 

[वित्त अधिनियम, 2022 द्वारा संशोधित रूप में]

फ़ुटनोट