विहित इलैक्ट्रानिक पद्धतियों के माध्यम से संदाय का स्वीकार किया जाना
38ख[विहित इलैक्ट्रानिक पद्धतियों के माध्यम से संदाय का स्वीकार किया जाना
269धप. प्रत्येक व्यक्ति, जो कोर्इ कारबार कर रहा है, यदि कारबार में, यथास्थिति, उसके कुल विक्रय, आवर्त या सकल प्राप्तियां पूर्ववर्ती वर्ष से ठीक पूर्व वर्ष के दौरान पचास करोड़ से अधिक हैं, तो वह, ऐसे व्यक्ति द्वारा उपलब्ध करार्इ जा रही संदाय की अन्य इलैक्ट्रानिक पद्धतियों की सुविधा के अतिरिक्त विहित इलैक्ट्रानिक पद्धतियों के माध्यम से संदाय को स्वीकार करने की सुविधा उपलब्ध कराएगा।]
38ख. वित्त (सं. 2) अधिनियम, 2019 द्वारा 1.11.2019 से अंत:स्थापित ।
[वित्त (सं. 2) अधिनियम, 2019 द्वारा संशोधित रूप में]

