अध्याय का नातेदारों को किए जाने वाले अन्तरणों को लागू न होना
अध्याय का नातेदारों को किए जाने वाले अन्तरणों को लागू न होना
269थ. इस अध्याय के उपबंध किसी व्यक्ति द्वारा नैसर्गिक प्रेम और स्नेहवश, अपने नातेदार को स्थावर सम्पत्ति के ऐसे प्रतिफल पर अंतरण को या उसके संबंध में लागू नहीं होंगे, जो उसके उचित बाजार मूल्य से कम हैं यदि ऐसी सम्पत्ति के अन्तरण की लिखत में इस आशय का व्यक्त कथन किया गया है।
[वित्त अधिनियम, 2012 द्वारा संशोधित रूप में]

