शून्यकरणीय अनुबंध के अंतर्गत कब्जे वाले व्यक्ति द्वारा गिरवी रखना
शून्यकरणीय अनुबंध के अंतर्गत कब्जे वाले व्यक्ति द्वारा गिरवी रखना
178 क जब गिरवीकर्ता ने धारा 19 या धारा 19क के अधीन शून्यकरणीय संविदा के अधीन अपने द्वारा गिरवी रखे गए माल का कब्जा प्राप्त कर लिया है, किन्तु गिरवी रखने के समय संविदा का विखण्डन नहीं किया गया है, तब गिरवीकर्ता माल पर अच्छा हक अर्जित कर लेता है, बशर्ते कि वह सद्भावपूर्वक कार्य करे और गिरवीकर्ता के हक में दोष की सूचना न दे।]

