आयकर अधिनियम के प्रावधानों की अनुपालन में दोषी होने पर या कुछ शर्तों का उल्लघंन करने पर जुर्माना लगाया जाएगा। यह दस्तावेज आपको दंडनीय अपराध तथा कानून के तहत लगने वाले जुर्मानें की मात्रा के बारे में जानकारी प्रदान करता है।

अस्वीकरण:

इस दस्तोवज में मौजूद विषय केवल जानकारी के लिए है। इसका उद्देश्य जनता तक सूचना को जल्द और आसानी से पहुंचाना है और इसे कानूनी दस्तोवजों के तौर पर नही समझा जाना चाहिए।

 

जनता को सलाह दी जाती है कि विषय का सत्यापन सरकारी अधिनियमों/नियमों/अधिसूचनाओं आदि से करें।

जुर्माना

[निर्धारण वर्ष 2026-27]

धारा चूक की प्रकृति प्रभार्य जुर्माना
(1) (2) (3)
140क(3) पूर्ण या आंशिक रूप से निम्न की अदायगी में विफलता- ऐसी राशि जैसा कि कर निर्धारण अधिकारी आरोपित करे परंतु बकाया कर से अधिक नहीं
  (क) आत्म निर्धारण कर / अनुषंगी लाभ कर, या
  (ख) ब्याज, या  
  (ग) दोनों  
  धारा 140क(1) के तहत  
158खचक(2) अवधि खंड की अघोषित आय का निर्धारण अघोषित आय के संबंध में प्रभार्य कर का 50 प्रतिशत
     
221(1)  कर का भुगतान करने में चूक ऐसी राशि जैसा कि कर निर्धारण अधिकारी आरोपित करे परंतु बकाया कर से अधिक नहीं
234ड़ धारा 200(3) में या धारा 206ग(3) के परंतुक में निर्धारित समय के भीतर विवरण दाखिल करने में विफलता विफलता जारी रहने के दौरान 200 रुपये प्रतिदिन, परंतु कटौती योग्य/संग्रह योग्य कर से अधिक नहीं
234च समय रहते आय की विवरणी को प्रस्तुत करने में चूक

रू. 5,000 यदि विवरणी को धारा 139(1) के अंतर्गत निर्दिष्ट देय तिथि के बाद प्रस्तुत किया जाता है। हालांकि, यदि व्यक्ति की कुल आय रू. 5 लाख से अधिक नही होती तो रू. 1,000 देरी से दाखिल करने का शुल्क होगा।

234ज

आधार नंबर की सूचना देने में गलती के लिए शुल्क

क) रू. 500, यदि ऐसी सूचना 01.04.2022 और 30.06.2022 के बीच दी जाती है और रू. 1,000, अन्य सभी मामलों में

270क(1)

आय की सूचना न देना तथा गलत रिपोर्ट देना

आय की सूचना न देने पर देययोग्य कर की राशि के 50 प्रतिशत के समान राशि

हालांकि, यदि आय की सूचना न देना किसी व्यक्ति द्वारा उसकी गलत सूचना के परिणामस्वरूप हो तो जुर्माना आय की सूचना न देने पर देययोग्य कर की राशि के 200 प्रतिशत के समान होगी

271क धारा 44कक के तहत आवश्यक, बही खाते, दस्तावेज, आदि को रखने, बनाए रखने या धारित करने में विफलता 25,000 रु.
271कक(1) (1) धारा 92घ(1) और 92घ(2) के तहत आवश्यक, जानकारी व दस्तावेज, आदि को रखने या बनाए रखने में विफलता प्रत्येक अंतर्राष्ट्रीय लेन-देन/या किए गये निर्दिष्ट घरेलू लेन-देन के मूल्य का 2%
  (2) इस तरह के लेनदेन का रिपोर्ट करने में विफलता
  (3) गलत जानकारी या दस्तावेज प्रस्तुत करना या रखना

271कक(2)

धारा 92घ(4) के अंतर्गत आपेक्षितानुसार सूचना तथा दस्तावेज को प्रस्तुत करने में विफलता

रू. 5,00,000/-

271ककक जहाँ तलाश 1-7-2012 के पूर्व प्रारंभ की गयी है और अघोषित आय पायी गयी है अघोषित आय का 10%
271ककख(1) जहाँ तलाश 1-7-2012 को या उसके बाद लेकिन 15-2-2016 से पहले प्रारंभ की गयी है और अघोषित आय पायी गयी है (क) निर्दिष्ट पिछले वर्ष की अघोषित आय का 10% यदि निर्धारिती अघोषित आय स्वीकारता है, उसे प्राप्त करने के तरीके को सही साबित करता है और निर्धारित तिथि को या उससे पूर्व ब्याज सहित कर अदा करता है और ऐसी अघोषित आय को घोषित करते हुये निर्दिष्ट पिछले वर्ष के लिए आयकर विवरणी दाखिल करता है
    (ख) निर्दिष्ट पिछले वर्ष की अघोषित आय का 20% यदि निर्धारिती अघोषित आय नहीं स्वीकारता है, और निर्धारित तिथि को या उससे पहले ऐसी आय को, निर्दिष्ट पिछले वर्ष के लिए प्रस्तुत आय विवरणी में घोषित करता है और ब्याज सहित कर अदा करता है;
    (ग) यदि यह उपरोक्त (क) और (ख) में शामिल नहीं है, निर्दिष्ट पिछले वर्ष की अघोषित आय का 60%
271ककख(1क) जहां खोज 15.12.2016 को या उसके बाद लेकिन 01.09.2024 से पहले प्रारंभ की गई हो और अघोषित आय पाई गई हो

(क) निर्दिष्ट पिछले वर्ष की अघोषित आय का 30 प्रतिशत यदि निर्धारिती अघोषित आय स्वीकार करता हो, तरीके जिसमें वह प्राप्त हुई सिद्ध करता हो और निर्दिष्ट तिथि पर या उससे पहले कर देता हो, उस पर ब्याज के साथ और ऐसी अघोषित आय की घोषणा करते हुए निर्दिष्ट पिछले वर्ष के लिए अय की विवरणी प्रस्तुत करता हो

(ख) किसी अन्य मामले में निर्दिष्ट पिछले वर्ष की अघोषित आय का 60 प्रतिशत

271ककग निर्धारण अधिकारी में किसी पिछले वर्ष के लिए धारा 68, धारा 69, धारा 69क, धारा 69ख, धारा 69ग या धारा 69घ में संदर्भित आय शामिल है (यदि ऐसी आय को निर्धारिती द्वारा अपनी विवरणी में शामिल न किया गया हो या धारा 115खखड़ के अनुसार कर न दिया गया हो) धारा 115खखड़ के अंतर्गत देययोग्य कर का 10 प्रतिशत

271ककड़

न्यासियों या निर्दिष्ट व्यक्ति को अनापयुक्त लाभ देने से संबंधित धारा 10(23ग) या धारा 13(1)(ग) के 21वें परंतुक के उल्लंघन के लिए जुर्माना

(क) पहले उल्लंघन के लिए : धारा 13(3) में संदर्भित किसी इच्छुक पार्टी के लाभ के लिए संस्थान द्वारा लागू आय की सीमा तक

(ख) बाद के उल्लंघन के लिए : ऐसी लागू आय की राशि का दोगुना (दोहरा जुर्माना)

271ख धारा 44कख के तहत आवश्यक लेखों की लेखापरीक्षा या लेखापरीक्षा की रिपोर्ट प्रस्तुत करने में विफलता कुल बिक्री, टर्नओवर या सकल प्राप्तियों, आदि, का डेढ़ प्रतिशत या 1,50,000 रुपये जो भी कम हो।
271खक धारा 92ड़ के तहत आवश्यक लेखाकार की रिपोर्ट प्रस्तुत करने में विफलता 1,00,000 रु.
271ग धारा 192 से 196घ (अध्याय XVII-ख)  के अंतर्गत पूर्णता या आंशिक तौर पर स्त्रोत पर कर कटौती न करना या धारा 115ण(2) के अंतर्गत या धारा 194ख के पंरतुक के अंतर्गत पूर्ण या आंशिक कर का भुगतान न करना या कर का भुगतान न करना या उसे सुनिश्चित न करना जैसा धारा 115ण(2), धारा 194द(1) के पहले परंतुक, धारा 194ध(1) या धारा 194खक(2) के परंतुक द्वारा आवश्यक हैा कर कटौती या आदायगी न किये जाने के बराबर राशि
271गक अध्याय xvii-खख के तहत आवश्यक स्रोत पर कर संग्रह करने में विफलता संग्रह न किये गये कर के बराबर राशि
271घ

धारा 269धध के प्रावधान के उल्लघन में निर्दिष्ट राशि अथवा जमा अथवा किसी ऋण को लेना अथवा स्वीकृत करना

अमूर्त संपत्ति, चाहे न चाहे स्थानांतरण हुआ हो, के स्थानांतरण के संबंध में "निर्दिष्ट राशि" अर्थात् प्राप्तनीय राशि का कुल चाहे उधार हो अथवा अन्यथा,

ऋण या जमा लेने या स्वीकारने के बराबर राशि
271घक धारा 269धन के प्रावधानों के उल्लंघन करते हुए रू. 2 लाख या उससे अधिक की राशि की प्राप्ति ऐसी प्राप्ति के बराबर राशि
271घख धारा 269धप में संदर्भित भुगतान की निर्धारित इलैक्ट्रानिक विधियों के माध्यम से भुगतान को स्वीकार करने के लिए सुविधा देने में विफलता रू. 5,000 हर गलती के लिए प्रति दिन
271ड़

धारा 269न के प्रावधान को छोड़कर किसी ऋण या जमा राशि या निर्दिष्ट उधार राशि का पुर्नभुगतान

'निर्दिष्ट अग्रिम' अर्थात् अचल संपत्ति, चाहे स्थानांतरण हुआ हो अथवा नही, के स्थानांतरण के संबंध में उधार, जो भी नाम हो, की प्रकृति में राशि का कोई मूल्य

चुकाये गये ऋण या जमा या निर्दिष्ट उधार के बराबर राशि
271चक 1 धारा 285खक(1) के तहत आवश्यक एक वार्षिक सूचना विवरणी प्रस्तुत करने में विफलता2 चूक से प्रति दिन 500 रु.
  धारा 285खक(5) के अंतर्गत नोटिस में निर्दिष्ट अवधि के अंदर वार्षिक सूचना विवरणी को प्रस्तुत न करना रू. 1,000 तक प्रतिदिन के हिसाब से चूक
271चकक1 धारा 285खक के अंतर्गत विवरण की प्रस्तुति में विफलता या सावधानीपूर्वक जांच का अनुपालन न कर पाने में विफलता या निर्दिष्ट अवधि के अंदर संशोधन ब्यौरा प्रस्तुत करने में विफलता रू. 50,000
  रिर्पोटिंग वित्तीय संस्थान द्वारा गलत सूचना की प्रस्तुति और ऐसी असत्यता रिर्पोटिंग खातों के धारक द्वारा प्रस्तुत गलत या फर्जी सूचना के कारण हो प्रत्येक गलत रिर्पोटिंग खाते के लिए रू. 5,000
271चकख

धारा 9क प्रदान करता हैं कि कोष प्रबंधन गतिविधि ऐसे कोष की ओर से पात्र कोष प्रबंधक कार्यकारी के माध्यम से पात्र विदेशी निवेश कोष द्वारा निष्पादित कोष प्रबंधन भारत में व्यापारिक संबंध संस्थापित नही करेगा (कुछ शर्तो के अनुसार)

प्रावधान अपेक्षा करता हैं कि पात्र निवेशगत कोष निर्दिष्ट शर्तों को पूरा करने से संबंधित सूचना सन्निहित निर्धारित प्रपत्र में तथा ऐसी अन्य जानकारी में अथवा दस्तावेज जिसे निर्धारित किया जा सके एक विवरण,एक विवरण वित्तीय वर्ष की समाप्ति से 90 दिनों के भीतर प्रस्तुत होगा। जुर्माना लगाया जाना हैं यदि निवेशगत कोष अनिवार्यता के अनुसार असफल होता हैं।

रू. 5,00,000
271छ 3 धारा 92घ(3) के तहत आवश्यक कोई भी जानकारी या दस्तावेज प्रस्तुत करने में विफलता ऐसी प्रत्येक विफलता पर प्रत्येक अंतर्राष्ट्रीय लेन-देन/निर्दिष्ट घरेलू लेन-देन के मूल्य का 2%
271छक

धारा 285क एक भारतीय कंपनी द्वारा सूचना के लिए उपब्लध हैं यदि निम्नलिखित दोनो शर्ते पूरी होती हैं :

क) विदेशी कंपनी में शेयर अथवा हित अथवा भारत में स्थित परिसंपत्ति से पर्याप्त राशि प्राप्त करने वाली उद्यम, प्रत्यक्ष अथवा अप्रत्यक्ष रूप से

ख) ऐसी विदेशी कंपनी अथवा उद्यम ऐसी भारतीय कंपनी में अथवा भारत के द्वारा ऐसी परिसंपत्ति का अधिकार रखता है

इस मामले में, भारतीय उद्यम धारा 9(1)(i) के अंतर्गत भारत में एकत्रित अथवा उत्पन्न किसी आय के निर्धारण के उद्देश्य के लिए निर्धारित सूचना प्रस्तुत करेगा

किसी असफलता की स्थिति में, भारतीय कंपनी जुर्माना देने के लिए उत्तरदायी होगा

जुर्माना होगा :

क) उसके संबध में लेनदेन की राशि का 2 प्रतिशत के समान की राशि जब भूल हुई, यदि ऐसे लेनदेन पर भारतीय कंपनी के संबंध में प्रबंधन अथवा नियंत्रण के स्थानांतरण अधिकार, का प्रभाव था, प्रत्यक्ष अथवा अप्रत्यक्ष

ख) किसी अन्य मामले में रू. 5,00,00 की राशि

271छख(1)

धारा 286(2) के अंतर्गत रिपोर्ट को प्रस्तुत करने मे विफलता

30 दिनों तक रू. 5,000 प्रति दिन तथा रू. 15,000 प्रति दिन 30 दिनों से अधिक के लिए

271छख(2)

धारा 271छख(6) के अंतर्गत स्वीकृत अवधि के भीतर सूचना तथा दस्तावेजों की प्रस्तुति में विफलता

रू. 5,000 प्रति दिन जिसके दौरान विफलता जारी रहती है

271छख(3)

धारा 271छख(1) अथवा 271छख (2) के अंतर्गत आदेश को तामील करने के बाद भी धारा 286 के अंतर्गत सूचना/दस्तावेजों की प्रस्तुति में विफलता अथवा रिपोर्ट प्रस्तुत करने में विफलता

रू. 50,00 प्रति दिन जिसके लिए ऐसी विफलता ऐसे आदेश को तामील करने की तिथि से प्रारंभ होना जारी रहती है

271छख(4)

धारा 286(2) के अंतर्गत प्रस्तुत रिपोर्ट में गलती के बारे में सूचना देने में विफलता

या धारा 286(6) के अंतर्गत जारी नोटिस के प्रतिउत्तर में गलत सूचना या दस्तावेज की प्रस्तुति

रू. 5,00,000

271छग भारत में संपर्क कार्यालय रखने वाले अनिवासी द्वारा धारा 285 के अंतर्गत विवरण जमा करने में विफलता (प्रभावी तिथि 1 अप्रैल, 2025 से लागू) विफलता जारी रहने तक प्रति दिन रू. 1,000, 3 महीनों तक या किसी अन्य मामले में रू. 1,00,000
271ज 4 धारा 200(3) या धारा 206ग(3) के परंतुक में निर्दिष्ट समय के भीतर विवरण प्रस्तुत करने/ किये जाने में विफलता, या विवरण में गलत जानकारी प्रस्तुत करना प्रभावी तिथि 1-10-2014 से निर्धारण अधिकारी दंड का भुगतान करने के लिये निर्देशित कर सकता है। जुर्माना 10,000 रुपए से कम नहीं होगा परंतु 1,00,000 रुपये तक का हो सकता है।
271-झ अधिनियम की धारा 195(6) के अनुसार, गैर-निवासी अथवा विदेशी कंपनी को भुगतान करने के लिए उत्तरदायी किसी व्यक्ति को, कोई राशि (चाहे कर हेतु वसूलनीय हो अथवा नही), प्रपत्र 15गक तथा 15गख में ऐसे भुगतान से संबंधित सूचना को प्रस्तुत करना होगा। जुर्माना किसी भूल की स्थिति में लगाया जाएगा। रू. 1,00,000
271ञ एक अकाउंटेंट या एक मर्चेंड बैंकर या पंजीकृत मूल्य-निर्धारक द्वारा किसी रिपोर्ट या प्रमाणपत्र में गलत सूचना की प्रस्तुति प्रत्येक गलत रिपोर्ट या प्रमाणपत्र के लिए रू. 10,000
272क(1) निम्न को इनकार करना या विफलता: प्रत्येक विफलता / चूक के लिए 10,000 रु.
  (क) प्रश्न का उत्तर देना  
  (ख) विवरण हस्ताक्षरित करना  
  (ग) धारा 131(1) के तहत सम्मन के अनुपालन में, सबूत देना या बही खाता आदि प्रस्तुत करना  
  (घ) धारा 142(1) /143(2) के अंतर्गत नोटिस का अनुपालन या धारा 142(2क) के अंतर्गत जारी निर्देशों का अनुपालन करने में विफल  
272क (2) निम्न में विफलता:  
  () धारा 94(6) के तहत आवश्यक प्रतिभूतियों के संबंध में अपेक्षित जानकारी प्रस्तुत करना; रु. 5,00 प्रतिदिन जब तक विफलता जारी रहती है। (धारा 197क में वर्णित घोषणा के संबंध में, विफलता के लिए जुर्माने के संबंध में, जैसाकि धारा 203 के तहत एक प्रमाणपत्र और धारा 206 और 206ग के तहत विवरणी और धारा 200(2क) अथवा धारा 200(3) के अंतर्गत विवरण अथवा धारा 206(ग)(3) अथवा 206(ग)(3क) हेतु परंतुक, जुर्माना कटौती योग्य कर अथवा संग्रहणीय की कर राशि से अधिक नहीं होगी
  () धारा 176(3) के तहत आवश्यक व्यापार या पेशे की समाप्ति की सूचना देना;
  () धारा 133, 134, 139 (4क), 139 (4ग), 192(2ग) 197क, 203, 206, 206ग, 206ग(1क) और 285ख के तहत, नियत समय में विवरणी, विवरण या प्रमाण पत्र प्रस्तुत करना, घोषणा प्रस्तुत करना, निरीक्षण आदि की अनुमति देना।
  () धारा 226(2) के तहत कर की कटौती व भुगतान करना  
  () धारा 200(3) या धारा 206ग(3) के परंतुक में निर्धारित समय के भीतर निर्धारित विवरण की प्रतिलिपि फाइल करना (1-7-2012 तक)  
 

() धारा 206क(1) में निर्धारित समय के भीतर निर्धारित विवरण दाखिल करना

(छ) निर्धारित समय के भीतर धारा 200(2क) अथवा धारा 206ग(3क) के अंतर्गत विवरण प्रदत्त किए जाने के कारण अथवा सुपुर्दगी में चूक

प्रभावी तिथि 1 जून, 2015 से यह सरकारी कार्यालय के लिए अनिवार्य हैं कि निर्धारण प्राधिकारी हेतु प्रणाली तथा निर्धारित प्रारूप में विवरण सुपुर्द करने के लिए चालान की प्रस्तुति के बिना टीडीएस अथवा टीसीएस, जो भी स्थिति हो, का भुगतान करें

 
272कक(1) धारा 133ख के अनुपालन में विफलता 1,000 रु. से अधिक न हो
272ख धारा 139क/139क(5)(ग)/(5क)/(5ग) के प्रावधानों का पालन करने में विफलता प्रत्येक गलती के लिए 10,000 रु
272खख(1) धारा 203क के अनुपालन में विफलता प्रत्येक विफलता/चूक के लिए 10,000 रुपये
272खख(1क) धारा 203क(2) में उद्धृत चालानों/प्रमाण पत्रों/विवरणों/दस्तावेजों में गलत कर कटौती खाता संख्या/कर संग्रह खाता संख्या/कर कटौती एवं संग्रह खाता संख्या उद्धृत करना 10,000 रु.

नोट: धारा 271(1)(ख), 271क, 271कक, 271ख, 271खक, 271खख, 271ग, 271गक, 271घ, 271ड़, 271च, 271चक, 271चकख, 271चख, 271छ, 271छक, 271छख, 271ज, 271-झ, 272क(1)(ग) या (घ), 272क(2), 272कक(1), 272ख, 272खख(1), 272खख(1क) और 272खखख(1), 273(1)(ख), 273(2)(ख) तथा 273(2)(ग) के अंतर्गत कोई भी जुर्माना आरोपित नहीं किया जा सकता है यदि व्यक्ति या निर्धारिती यह सिद्ध कर देता है कि ऐसी विफलता के लिए उचित कारण थे। (धारा 273ख)

धारा 273कक यह उपबंध करती है कि कोई भी व्यक्ति जुर्माने से उन्मुक्ति के लिए प्रधान आयुक्त / आयुक्त को आवेदन कर सकता है, यदि (क) उसने धारा 245ग के तहत निपटान के लिए आवेदन किया हो और समाधान के लिए कार्यवाही समाप्त हो चुकी है; और (ख) इस अधिनियम के तहत जुर्माने की कार्यवाही शुरू की जा चुकी है। समापन के उपरांत जुर्माना लगाए जाने के बाद आवेदन नहीं किया जा सकेगा।

 

1. प्रभावी निर्धारण वर्ष 2015-16 से ''वार्षिक सूचना विवरणी'' को परिवर्तित करके ''वित्तीय लेनदेन या रिपोर्ट योग्य लेखों का विवरण'' कर दिया गया है और शब्द ''विवरणी'' को ''विवरण'' से प्रतिस्थापित कर दिया गया है।

2. प्रभावी निर्धारण वर्ष 2015-16 से, कुछ मामलों में वित्तीय लेनदेन या रिपोर्ट योग्य लेखों का गलत विवरण प्रस्तुत करने पर 50,000 रुपये के जुर्माना का प्रावघान करने के लिए एक नयी धारा 271चकक जोड़ी गयी है।

3. प्रभावी तिथि 1-10-2014 से टीपीओ भी जुर्माना लगा सकता है।

4. प्रभावी तिथि 1-10-2014 से संशोधित धारा 271ज यह उपबंध करती है कि जुर्माना निर्धारण अधिकारी द्वारा आरोपित किया जायेगा।

 

 

[वित्त अधिनियम, 2025 द्वारा संशोधित]