धारा 28 की उपधारा (1) के अधीन अधिहरण की गई संपत्ति का प्रबंधन-

8. (1) जहां अधिहरण की गई संपति ऐसी प्रकृति की है कि कुर्की किए गए स्थान से उसको हटाना अव्यवहार्य है या उसको हटाने में अंतर्वलित व्यय संपति के मूल्य के अनुपात से बाहर है तो प्रशासक संपत्ति की कुर्की के स्थान पर संपत्ति के उचित अनुरक्षण और अभिरक्षा का प्रबंध करेगा।

(2) यदि अधिहरण की गर्इ संपत्ति में नकद, सरकारी या अन्य प्रतिभूतियां, बुलियन, आभूषण या अन्य मूल्यवान वस्तुए हैं तो प्रशासक उनको नदजीकतम सरकारी खजाने या भारतीय रिजर्व बैंक की शाखा या भारतीय स्टेट बैंक या उसकी समानुषंगियों में या किसी प्राधिकृत बैंक में जमा करवाएगा।

(3) प्रशासक स्थावर संपत्ति जैसे रोकड़, सरकारी या अन्य प्रतिभूतियां, बुलियन, आभूषण या अन्य मूल्यवान वस्तुओं के संबंध में ब्यौरों को अंतर्विष्ट करते हुए इन नियमों से उपाबद्ध प्ररूप 1 में प्रविष्टियों को अभिलिखित करने के लिए है एक रजिस्टर रखेगा।

(4) प्रशासक, यथास्थिति, खजाने या बैंक से उपनियम (3) में कथित स्थावर संपत्तियों को जमा कराने की रसीद अभिप्राप्त करेगा।

(5) प्रशासक उपनियम (3) में निर्दिष्ट संपत्तियों से भिन्न संपत्ति के संबंध में प्रविष्टियों को अभिलिखित करने के लिए इन नियमों से उपाबद्ध प्ररूप 2 में ब्यौरों को अंतर्विष्ट करते हुए एक रजिस्टर रखेगा।