भारत सरकार

राजस्व विभाग

वित्त मंत्रालय

केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड

 

नई दिल्ली, 27 फरवरी, 2021

 

प्रेस विज्ञप्ति

आयकर विभाग द्वारा तमिलनाडु में तलाशी अभियान

 

आयकर विभाग की ओर से 26.02.2021 को चेन्नई में एक प्रसिद्ध व्यापारिक समूह के खिलाफ जांच की गई। जहां एक ओर तलाशी तमिलनाडु, गुजरात और कोलकाता में समूह के 11 परिसरों में की गई वहीं सर्वेक्षण के 9 परिसरों में किया गया। यह व्यापारिक समूह विनिर्माण का व्यापार और टाइल्स और सेनेट्री-वेयर की बिक्री का व्यापार करता है और यह समूह दक्षिण भारत में टाइल के अग्रणी व्यापारी है।

तलाशी के दौरान, टाइलों की बेहिसाब बिक्री और खरीद का पता चला। जांच दल के प्रयासों से गुप्त कार्यालय में और क्लाउड में सुरक्षित रखे गए सॉफ्टवेयर की मदद से बेहिसाब लेनदेन का पता लगाने में मदद मिली। वास्तव में, यह पाया गया कि 50 प्रतिशत तक का लेनदेन बही खातों में दर्ज नहीं था। पिछले कारोबार पर विचार करते हुए, छुपाई गई आय लगभग रू. 120 करोड़ तक हो सकती है। यह राशि समूह द्वारा फर्जी कंपनियों के माध्यम से शेयर प्रीमियम के तौर पर प्रस्तुत रू. 100 करोड़ की अघोषित राशि के अलावा है।

अभी तक अघोषित आय रू. 220 करोड़ तक है। लगभग रू. 8.30 करोड़ की नकदी भी मिली जिसे जब्त किया गया है।

तलाशी अभियान अभी भी जारी है व जांच की जा रही है।

विभाग वोटरों को लुभाने के लिए पैसे की भूमिका की जांच और निरीक्षण के लिए पूर्णता तैयार है। तमिलनाडु और पुद्दुचेरी में बेहिसाब नकदी के सृजित होने और इसके संचलन पर नजर रखने के लिए प्रतिबद्ध है।

 

(सुरभि आहलूवालिया)

आयकर आयुक्त

(मीडिया व तकनीकी नीति)

आधिकारिक प्रवक्ता, सीबीडीटी