कर दरे

निर्धारण वर्ष 2014-15

• एक निवासी वरिष्ठ नागरिक के लिए (जो पिछले वर्ष के दौरान किसी भी समय 60 वर्ष या इससे अधिक आयु का है लेकिन पिछले वर्ष के अंतिम दिवस पर 80 वर्ष से कम का है, अर्थात, 1 अप्रैल, 1934 और 31 मार्च, 1954 के दौरान जन्मा)—

निवल आय सीमा आयकर दर2 अधिभार शिक्षा उपकर माध्यमिक एवं उच्च शिक्षा उपकर
2,50,000 रुपए तक शून्य शून्य शून्य शून्य
रु. 2,50,000 – रु. 5,00,000 (कुल आय शेष रु. 2,50,000) का 10% [नोट 1 देख] शून्य आयकर का 2% आयकर का 1%
रु. 5,00,000 –रु. 10,00,000 रु. 25,000 + (कुल आय शेष रु. 5,00,000) का 20% शून्य आयकर का 2% आयकर का 1%
रु. 10,00,000 – रु. 1,00,00,000 रु. 1,25,000 + (कुल आय शेष रु. 10,00,000) का 30% शून्य आयकर का 2% आयकर का 1%
रु.1,00,00,000 से ऊपर रु. 28,25,000 + (कुल आय शेष रु. 1,00,00,000) का 30% आयकर का 10% [नोट 2 देखे] आयकर का 2% और अधिभार आयकर का 1% और अधिभार

नोट :

1. धारा 87 के तहत छूट - एक निवासी व्यक्ति (जिसकी निवल आय 5,00,000 रुपए से अधिक न हो) धारा 87क के तहत छूट का लाभ ले सकता है। यह शिक्षा उपकर की गणना से पहले आयकर से कटौती योग्य है। छूट की राशि आयकर का 100 प्रतिशत या 2,000 रुपये है , जो भी कम हो।

2. अधिभार- निवल आय 1 करोड़ रुपये से अधिक होने पर अधिभार आयकर का 10 प्रतिशत है। यह सीमांत राहत के अधीन है (1 करोड़ रुपए से अधिक की निवल आय वाले एक व्यक्ति के मामले में, आयकर और अधिभार के रूप में देय राशि 1 करोड़ रुपए की कुल आय पर आयकर के रूप में देय कुल राशि, 1 करोड़ रुपये से अधिक की आय से अधिक नहीं होगी।)

3. शिक्षा उपकर - यह आयकर और अधिभार का 2 प्रतिशत है।

4. माध्यमिक एवं उच्च शिक्षा उपकर - यह आयकर और अधिभार का 1 प्रतिशत है।

• वैकल्पिक न्यूनतम कर - एक गैर कॉर्पोरेट निर्धारिती द्वारा देय कर, धारा 115ञग के अनुसार ''समायोजित कुल आय'' के 18.5 प्रतिशत (अधिभार शिक्षा उपकर  माध्यमिक एवं उच्च शिक्षा उपकर) से कम नहीं हो सकता