अनुषंगी फायदों की विवरणी देने में असफलता के लिए शास्ति
15[अनुषंगी फायदों की विवरणी देने में असफलता के लिए शास्ति
271चख. यदि कोर्इ नियोजक, जिससे धारा 115बघ की उपधारा (1) के अधीन अपेक्षित रूप में अनुषंगी फायदों की विवरणी प्रस्तुत करने की अपेक्षा की गर्इ है, उस उपधारा के अधीन विहित समय के भीतर ऐसी विवरणी प्रस्तुत करने में असफल रहता है तो निर्धारण अधिकारी यह निर्देश दे सकेगा कि ऐसा नियोजक, ऐसे प्रत्येक दिन के लिए, जिसके दौरान असफलता जारी रहती है, शास्ति के रूप में एक सौ रुपये की राशि का संदाय करेगा।]
15. वित्त अधिनियम, 2005 द्वारा 1.4.2006 से अंत:स्थापित।
[वित्त (सं. 2) अधिनियम, 2009 द्वारा संशोधित रूप में]

