खंड 269 ध ध के प्रावधानों का अनुपालन करने में विफलता के लिए पेनल्टी
7[धारा 269धध के उपबंधों के पालन में असफलता के लिए शास्ति
271घ. 8[(1)] यदि कोर्इ व्यक्ति धारा 269धध के उल्लंघन में कोर्इ उधार लेगा या निक्षेप स्वीकार करेगा, तो वह शास्ति के रूप में इस प्रकार लिए गए उधार या स्वीकृत निक्षेप की रकम के बराबर राशि का संदाय करने का दायी होगा।]
9[(2) उपधारा (1) के अधीन अधिरोपणीय कोर्इ शास्ति 6[संयुक्त] आयुक्त द्वारा अधिरोपित की जाएगी।]
6. वित्त (सं. 2) अधिनियम, 1998 द्वारा 1.10.1998 से "उप" के स्थान पर प्रतिस्थापित।
7. प्रत्यक्ष कर विधि (संशोधन) अधिनियम, 1987 द्वारा 1.4.1989 से अंत:स्थापित।
8. वित्त अधिनियम, 1990 द्वारा 1.4.1990 से उपधारा (1) के रूप में संख्यांकित।
9. यथोक्त द्वारा, अंत:स्थापित।
[वित्त अधिनियम, 2000 द्वारा संशोधित रूप में]

